रायगढ़ मुनादी।। आज प्रभावित ग्रामों के ग्रामीणों द्वारा मंदिर प्रांगण में एक विशाल बैठक आयोजित कर NTPC लारा परियोजना की प्रस्तावित जनसुनवाई का विरोध किया गया। बैठक में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष एवं युवा उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि NTPC लारा द्वारा वर्षों से प्रभावित गांवों की मूल समस्याओं की अनदेखी की जा रही है।
ग्रामीणों ने कहा कि परियोजना स्थापना के समय रोजगार, पुनर्वास, पर्यावरण संरक्षण एवं क्षेत्रीय विकास के जो वादे किए गए थे, वे आज तक पूरे नहीं किए गए हैं। प्रभावित परिवारों के युवाओं को स्थायी रोजगार नहीं मिला, वहीं कई विस्थापित एवं प्रभावित परिवार आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं।
बैठक में यह भी आरोप लगाया गया कि NTPC लारा परियोजना के कारण क्षेत्र में प्रदूषण लगातार बढ़ रहा है, जिससे खेती, जल स्रोत एवं आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि राखड़, धूल एवं प्रदूषित पानी के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं, लेकिन कंपनी एवं प्रशासन द्वारा उचित समाधान नहीं किया जा रहा है।
ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि जब तक रोजगार, पुनर्वास, पर्यावरण सुरक्षा एवं प्रभावित गांवों में सड़क, पानी, स्वास्थ्य, शिक्षा जैसी मूलभूत विकास कार्यों को प्राथमिकता देकर पूरा नहीं किया जाता, तब तक फेस-3 की जनसुनवाई का विरोध जारी रहेगा।
बैठक में उपस्थित लोगों ने एक स्वर में कहा कि प्रभावित गांवों की उपेक्षा कर किसी भी नई परियोजना विस्तार को स्वीकार नहीं किया जाएगा। ग्रामीणों ने प्रशासन एवं पर्यावरण विभाग से मांग की कि पहले पुराने वादों एवं समस्याओं का समाधान किया जाए, उसके बाद ही किसी नई जनसुनवाई या विस्तार प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाए।