जशपुर मुनादी।। कई सालों से रेल का इंतज़ार कर रहे जशपुर के लोगो के लिए यह खबर बहुत बड़ी खुशखबरी साबित हो सकती है। खुशखबरी यह है कि जिले में रेलवे लाईन की प्रक्रिया शुरू हो गई है।रेल मंत्रालय के द्वारा धर्मजयगढ़ से लोहरदगा तक रेल लाईन सर्वे का टेंडर जारी कर दिया गया है।रेलवे लाईन की अनुमानित लम्बाई 240 km है जबकि इसके लिए रेल मंत्रालय ने 3.04 करोड़ की स्वीकृति दी है।दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने फाइनल लोकेशन सर्वे की मंजूरी लंबे समय बाद दी। सर्वे के लिए फर्मों से 3 अगस्त के 3 तक प्रस्ताव मंगवाए गए हैं। इसके पहले ही रेलवे ने एसईसीएल और राज्य सरकार साथ मिलकर ईस्ट कॉरीडोर की रेल लाइन बिछाई है जिस पर कोयला परिवहन किया जा रहा है।

यह बता दें कि जशपुर में रेलवे लाईन को लेकर काफी लंबे समय से लोग इन्तज़ार में थे ।और स्थानीय स्तर पर कई दफे रेलवे की लड़ाई भी लड़ी गई ।2019 के बाद जिले में रेलवे लाईन का मुद्दा फिर से जोर पकड़ा जब 2019 में पहली दफा सांसद बनी गोमती साय ने इस मुद्दे को संसद में उठाया ।सांसद गोमती ने संसद के पटल पर दो बार इस मुद्दे को उठाया उसके बाद नई बीजी लाईन के लिए भू तकनीकी जांच, फील्ड विवरण तैयार करने की प्रक्रिया की शुरुआत हुई।
पूर्व केंद्रीय मंत्री व भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि रेलवे द्वारा सर्वे का टेंडर जारी किए जाने के बाद यह तय हो गया है कि जिले में रेलवे लाईन की प्रक्रिया अब शुरु हो गयी है।उन्होंने बताया कि ममता बनर्जी के रेल मंत्री रहते ही इसके सर्वे को मंजूरी मिल चुकी थी और अब लोकेशन सर्वे की अनुमति मिल ग्यो है याने जशपुर में रेल लाईन बिछने का प्रॉसेस शुरू हो गया है ।
बहरहाल जिले में रेलवे की प्रक्रिया की हो रही शुरुआत का सबसे बड़ा श्रेय सांसद गोमती साय को जाता है ।सांसद बनने के बाद सदन में जिले को रेल लाईन से जोड़ने की आवाज बुलंद करने वाली क्षेत्र की पहली सांसद के रुप में इनका नाम तो पहले से ही शुमार था लेकिन अब जब रेल मंत्रालय ने इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है तो जाहिर है इसका भी श्रेय सांसद गोमती को ही जाता है।
सांसद गोमती ने कहा-----
सांसद गोमती साय ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव ने उनकी बातों को न केवल गम्भीरता से सुना बल्कि अमल भी किया । जशपुर में रेल एक सपना था और धीरे धीरे लोग सपना देखना भी बंद कर दिए थे लेकिन हमारी सरकार ने संसद में हमारे द्वारा उठाये गए इस बहुप्रतीक्षित मुद्दे पर अमल किया यह सम सब का शौभाग्य है ।