रायपुर मुनादी।। कोरोना की तीसरी लहर के दौरान जांच केंद्रों में लंबी लाइन से बचने के लिए लोगों ने जमकर कोरोना टेस्ट किट का उपयोग किया | हल्ला मचा और पाबंदी लगा तो ड्रग विभाग के पास सीएफए के माध्यम से महज 14030 की जानकारी सामने आई | प्रतिबंध के बाद लोग ऑनलाइन तरीके से न केवल जांच किट से नेगेटिव और पॉजिटिव के बारे में पता लगाया ,बल्कि खुद से दवा भी ले ली |
कोरोना की पहली और दूसरी लहर के दौरान लोगों को कोरोना की जाँच के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा बनाए गए केंद्रों के भरोसे रहना पड़ा था | तीसरी लहर के दौरान किट की सुविधा मिली और इसका लोगों को ने जमकर उपयोग किया | हालांकि पहले टेस्ट किट की सही जानकारी स्वास्थ्य विभाग अथवा औषधि विभाग तक नहीं पहुंच पाई |
शुरुआती दौर में दवा दुकानों से या किट खरीद कर बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी जांच और गंभीर लक्षण नहीं होने की वजह से खुद दवा लेकर इसका इलाज किया | जिसकी भनक स्वास्थ्य और औषधि विभाग को जब लगी | इसकी बिक्री के लिए नियम बनाया गया, औषधि विभाग के मुताबिक नियम लागू करने के बाद अब तक प्रदेश में केवल 14000 सेल्फ अटेस्टेड किट बिक्री हुई है | इसके साथ ऑनलाइन तरीके से लोगों ने बड़ी संख्या में इसे मंगाया किसने और उपयोग किसके द्वारा किया गया इसकी जानकारी नहीं है | रायपुर सीएमएचओ ने बताया कि इसकी परमिशन दिया गया था | उसमे सरे इंस्ट्रक्शन भी दिए गए थे , हालांकि बहुत लोगो जो मानक दिए गए थे उनके नियम का पालन कई लोगो ने नहीं किए | हालांकि लोगो में मामूली लक्षण था लोग जल्द ठीक हो जा रहे थे |
तीसरी लहर में मरीज लक्षण वाले नहीं थे, इसकी वजह से गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचने वालों की संख्या बेहद कम थी | अब इसकी वजह से 1.35 लाख लोग संक्रमित हुए हैं , इनमें से केवल 3% लोगों को अस्पताल में भर्ती करना पड़ा था | अब तक 1.22 हजार लोग स्वस्थ हो चुके हैं और करीबन ढाई सौ लोग की मौत हुई है |

