उड़ीसा सीमा से लगे लावाकेरा राहत शिविर में रह रहे मजदूरों के लिए अच्छी खबर है।24 दिनों से ज्यादा राहत शिविर में रह चुके मजदूरों को उनके घर वापस भेजने की कोशिश रंग ला सकती है और उन्हें बहुत जल्द घर भेजा जा सकता है ।
जशपुर मुनादी//प्रबल प्रताप सिंह जूदेव और जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रायमुनी भगत ने जिले के सुदूर ओड़िसा सीमा के लवाकेरा जिला जशपुर छतीसगढ़ राहत कैम्प में निवासरत भाइयों से मुलाकात कर उन्हें कल आवश्यक सामग्री प्रदान किया था और इनसे बात किया कि राहत कैम्प में वो कैसे है तो, रहने वालों ने वंहा वो रहे तखलिफो को विस्तृत जानकारी दिया, बताया कि अब यंहा घुटन हो रहा है, कि आत्महत्या तक करने का ख्याल आने लगा है, हम मजदुर तबके में जीवन यापन करने वाले लोग है, हम यंहा रुके है, हमारे परिवार को लोग घरों में भूखें मरने के कगार पर खड़े हो गये, अब और कुछ नहीं हम शासन के निर्देश को सहर्ष स्वीकार कर 14 दिन से अधिक सेल्फ आइसोलेशन का पालन हम कर चुके है, और हम स्वस्थ है, यंहा का प्रशासन हमे अपने घर भेजे, इसी संबंध में आज प्रबल प्रताप सिंह जूदेव के साथ श्रीमती रायमुनी भगत ने जिला कलेक्टर से इस संबंध में विस्तार से बैठक कर संपूर्ण विषयों के तथ्यों को बारीकी से देखते हुये कलेक्टर ने बताया कि संबंधित जिले के जिला प्रशासन से बात करके तत्काल उन्हें भेजने की व्यवस्था किया जायेगा, यदि वंहा का जिला प्रशासन इनके जाने पर सहमति देता है, तो जशपुर जिला प्रशासन तत्कल इन्हें भेजेगा, दूसरे राज्य जैसे उत्तर प्रदेश एवं मध्य प्रदेश के लोगो को भेजने के लिये वंहा के शासन और जिला प्रशासन से भी कलेक्टर नीलेश क्षीरसागर एवं प्रबल प्रताप सिंह जूदेव यूपी के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्य नाथ एवं एम पी के मुख्यमंत्री श्री शिवराज जी से बात करके लाईन अप कर रहे है जिससे इनके गंतव्य तक तत्कल भेजने संबंधी कदम उठाये जा सके ।

