जशपुर मुनादी।
पिछले बुधवार यानी दिनांक 16-4-20 को खबर थी कि जशपुर जिले के बगीचा के ग्राम पंचायत पिरई के मछली पालन वाले एक स्व सहायता समूह ने लॉकडाउन उल्लंघन की सूचना पर कार्यवाही के लिए प्रशानिक टीम आर आई टी सी राठौर के नेतृत्व में पहुंची थी, जहां जाल, तराजू और 2 किलो मछली जब्ती कार्यवाही करते हुए प्रशासनिक टीम ने सरपंच को सुपुर्द कर दिया था, पर बाद में समूह ने 25 किलो मछली का हवाला देते हुए पूरे प्रशासनिक टीम पर ही आरोप लगाते हुए सनसनी फैला दी थी, वहीं समूह ने थाने में शिकायती आवेदन भी सुपुर्द कर दिया था, और ऐसे में यह कार्यवाही ही प्रसाशनिक हल्के में गले की हड्डी बनकर अटक गई थी।
ये थी खबर, मछली का कांटा प्रशासन के गले में ऐसे अटकी कि ......
अब इस मसले पर ख़बर आई है कि स्व सहायता समूह ने प्रशासनिक कार्यवाही को सही बताते हुए अपना शिकायती पत्र वापस ले लिया है। जहां समूह ने यह कहते हुए अपना आवेदन वापस लिया है कि जब प्रशासनिक टीम पहुंची तो वहां उपस्थित अन्य लोगों के बीच अफरा तफरी मच गई, इसी बात का फायदा उठाते हुए कुछ अज्ञात लोगों ने तालाब के पास बने कमरे का ताला तोड़ते हुए बाकी 23 किलो मछलियों को ले भागे। जिससे सारी गफलत उत्त्पन्न हो गयी, और आक्रोश के कारण शिकायत कर दिया। वहीं जब प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची थी तो मौके पर उन्हें सिर्फ लगभग 2 किलो मछली के अलावा जाल तराजू मिला, जिसे जब्ती बनाकर सरपंच को सुपुर्द कर दिया था। फिलहाल समूह ने थाना से अपना आवेदन देकर शिकायत वापस ले लिया है, और कोरोना के कहर के बीच दिन रात निर्देशानुसार काम कर रही प्रशासनिक टीम को फिलहाल राहत मिलती दिख रही है।

