जशपूर मुनादी ।। 3 साल पहले 2022 में जिले के फरसाबहार ब्लॉक मुख्यालय (ग्राम पंचायत)में कथित रूप से हुए 32 लाख के गबन का मामला एक बार फिर से उठ गया है। हांलाकि इस मामले में पूर्व में ही 4 बार विभागीय जाँच हो चुकी है लेकिन 4 बार की जांच के बाद 3 साल बाद फिर से इस मामले में शिकायत हुई है ।
कलेक्टर जनदर्शन में प्रताप तिर्की के द्वारा की गई शिकायत में बताया गया कि 20 जनवरी 2022 को फरसाबहार ग्राम पंचायत के सरपंच -सचिव द्वारा पंचायत के निर्माण कार्यो में करीब 32 लाख के घोटाले की शिकायत हुई थी। शिकायत के पश्चात जिला पंचायत के अधिकारी और जनपद के टेक्निकल एक्सपर्ट द्वारा सभी निर्माण कार्यों की मौके पर जाकर जाँच की गई । जाँच में शिकायत की पुष्टि भी हो गईं लेकिन 3 साल हो गए इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई । खाश बात यह है कि जाँच में किसी भी निर्माण कार्य का बिल व्हाउचर भी सरपंच सचिव द्वारा प्रस्तुत नहीं किया गया जो कि भ्र्ष्टाचार को प्रमाणित करने के लिए काफी है।
ग्रामीण के इस शिकायत की जब पड़ताल की गई तो ज्ञात हुआ कि 20 जनवरी 2022 को हुई शिकायत की जाँच 4 बार पूर्व में ही हो चुकी है । जाँच के दौरान सैंकड़ो ग्रामीणों ने मामले की जाँच कर रहे प्रमुख जांच अधिकारी (अनुविभागीय अधिकारी ,ग्रामीण यांत्रिकी सेवा)को लिखकर दिया था कि सरपंच और सचिव के द्वारा की गई शिकायत फर्जी और ,बेबुनियाद है । जिन जिन निर्माण कार्यो की शिकायत हुई है वो सारे काम धरातल पर दिख रहे है । ग्रामीणों द्वारा जांच अधिकारी को की गई शिकायत में बताया गया कि कुछ लोग निजी स्वार्थ सिद्ध करने के लिए झूठी शिकायत कर रहे हैं सच्चाई से इसका कोई वास्ता नहीं है ।
इस मामले में जब फरसाबहार के तात्कालीन पंचायत सचिव श्यामबिहारी चौहान से बात की गई तो उन्होंने बताया कि जिस बिल व्हाउचर का मुद्दा बनाया जा रहा है वो सारे बिल व्हाउचर अधिकारियों के पास विधिवत प्रस्तुत किया गया है। उन्होंने बताया कि जिस दिन उनकी माँ का दशकर्म था उसी दिन जाँच अधिकारी के द्वारा बिल व्हाउचर दस्तावेज मंगाए गए थे । दशगात्र होने के कारण बिल व्हाउचर अगले दिन प्रस्तुत करने का निवेदन किया गया था लेकिन अगले दिन जब बिल व्हाउचर लेकर जाँच अधिकारी के पास गए तो ज्ञात हुआ कि जाँच प्रतिवेदन जिला कार्यालय को भेज दिया गया था । इन सारे तथ्यों की जानकारी जिला कार्यालय को दे दी गयी है और बिल व्हाउचर भी सभी निर्माण कार्यों का प्रस्तुत किया जा चुका है। पंचायत सचिब ने बताया कि जिन 12 विन्दुओं को लेकर शिकायत हुई थी उसकी जांच के लिए कई बार अधिकारी आये और उसकी जांच हुई है। पंचायत के सैंकड़ो ग्रामीण हस्ताक्षर सहित शिकायत को निराधार भी बता चुके हैं ।