डेस्क मुनादी।।सरकारी आयोजन को छोड़ एक अधिकारी अपने सरकारी आवास में जाम से जाम टकरा रहे थे ।इसका खुलासा तब हुआ जब अधिकारी के आवास पर विधायक जी छापा मारने पहुँच गए। इसके बाद तो विधायक ने सीधे सरकार के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल दिया है।
मामला झारखण्ड के पलामू का है।शुक्रवार को प्रदेश के सभी ब्लॉक में दिव्यांगता शिविर का उद्घाटन होना था।लेकिन ब्लॉक में मुख्य अधिकारी बीडीओ साहब इस कार्यक्रम में नहीं थे ।बीडीओ को कार्यक्रम में उपस्थित नही होने पर विधायक डॉ शशिभूषण मेहता भड़क गए और सीधे बीडीओ साहब के सरकारी आवास पहुँच गए जहाँ उन्होंने पाया कि बीडीओ सुनील प्रकाश (विकासखंड मनातू) अपने एक दो लोगो के साथ जाम से जाम टकराने में जुटे हैं। फिर क्या था पांकी विधायक शशि भूषण मेहता ने वहीं पर हंगामा शुरू कर दिया और ब्लॉक मुख्यालय में धरने पर बैठ गए ।
विधायक ने कहा है कि जबतक सरकार बीडीओ सुनिल प्रकाश को बर्खास्त नहीं कर देती वह ब्लॉक मुख्यालय में धरने पर बैठे रहेंगे। विधायक ने जिले के कलेक्टर को फोन करके बीडीओ का मेडिकल चेक अप कराने को कहा है।
हांलाकि बीडीओ सुनील प्रकाश ने विधायक के आरोपों को खारिज करते हुए निवास में शराब पीने की बात को सीधे इनकार कर दिया है।उन्होंने मीडिया को बताया कि वह शराब नहीं लेमन टी पी रहे थे ।
आपको बता दें कि झारखण्ड में भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के मार्गदर्शन में 14 जुलाई तक दिव्यांगता शिविर का आयोजन है।शुक्रवार को हर प्रखंड में इस कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया ।