रायगढ़ मुनादी।। राजस्व अधिकारी कर्मचारी बनाम अधिवक्ताओ के बीच चली आ रही द्वंद के बीच जब राजस्व कर्मचारियों सहित कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा के अधिकारियो की हड़ताल भी समाप्त हो गई , सोमवार को तमनार तहसील कार्यालय में तहसीलदार माया अंचल की अनोखी पहल देखने को मिला। वे अपने मातहत कर्मचारियों के साथ अपने चेम्बर की जगह दफ्तर के बाहर गेट पर ही बैठ गई ताकि हड़ताल के दौरान परेशानी उठाने वाले आम जनता को और परेशानी न उठाना पड़े ।
यह भी कि वे सीधे तौर पर आम जनता से उनकी परेशानियों व समस्याओं को लेकर रु ब रु हो सकें। तहसीलदार तमनार की इस पहल पर जनता को भी राहत मिली है। जहां पहले तहसीलदार से मिलने के लिए , पहले बाबुओं से मिलना पड़ता था सीधे तौर पर खासतौर पर ग्रामीण वर्ग तहसीलदार से मिल नही पाता था उनसे मिलने खुद तहसीलदार बाहर बैठी हुई थी। लेकिन जो तमनार तहसीलदार ने किया इसका ग्रामीण जनता को पसन्द आया और चक्कर काटने के बजाय लोगों को सीधे तौर पर तहसीलदार से मिलकर अपनी समस्या को रख पाए।
पहले पहल लोग समझ नही पाए कि तहसीलदार मैडम आज बाहर कैसे बैठी हैं लेकिन जैसे जैसे लोग तहसील ऑफिस के चौखट पर पहुंचते उनका सामना तहसलिदार माया अंचल से होता और वे सीधे आने वाले लोगों से मुखातिब होती दिखी इससे लोग समझ नही पा रहे कि राजस्व विभाग में इतनी तब्दीली और कैसे आ गई।
11 फरवरी को रायगढ़ तहसील कार्यालय में अधिवक्ताओं का हंगामा हुआ था उस दैरान तहसील के कुछेक कर्मचारियों के साथ मारपीट की भी घटना घटी इसके बाद कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ के साथ राजस्व अमले ने भी हड़ताल कर दिया था।हड़ताल के बाद आरोपी अधिवक्ताओं की गिरफ्तारी हो गई और शासन द्वारा तहसील कार्यालय में सुरक्षा मुहैया कराने का पत्र भी जारी कर दिया गया। इसके बाद हड़ताल समाप्त हो गया। सोमवार को इस हड़ताल वे बाद पहली बार तहसील के आफिस खुला था इसलिए तहसीलदार गेट पर ही अपना टेबल लगाकर बैठ गईं।

