रायगढ़ मुनादी।। रायगढ़ नगर पालिक निगम के 17 कांग्रेस पार्षद ने आज सामूहिक इस्तीफा देते हुए कांग्रेस से किनारा करने का एलान कर दिया। उनका कहना है कि जब तक जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष को हटाया नहीं जाएगा तब तक वे पार्टी के किसी भी कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे। यह इस्तीफा कॉन्ग्रेस पार्षद रायपुर जाकर प्रदेशाध्यक्ष मोहन मरकाम को सौंपेंगे।
10 जनवरी 2022 को महिला कांग्रेस अध्यक्ष बरखा सिंह और नगर निगम के वार्ड क्रमांक 27 पार्षद संजना शर्मा के बीच विवाद हुआ था और उसमें बरखा सिंह का एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वह संजना शर्मा को गाली गलौज करती दिखी थी। इसके बाद पार्टी ने बरखा सिंह को शो कॉज नोटिस जारी किया था और उसकी जांच भी हुई थी। लेकिन लगभग एक माह बितने के बाद भी कोई कार्रवाई न होने से पार्षदों ने यह निर्णय लिया है।
हालांकि कई नेता और पार्टी के सदस्य इसे निहायत ही व्यक्तिगत मुद्दा मानते हैं और इसपर पार्टी फोरम में जाने पर ही सवाल खड़े करते हैं। उनका कहना है कि पार्षद संजना शर्मा और बरखा सिंह के बीच तब से विवाद है जब निगम चुनाव में बरखा सिंह ने उसी वार्ड से टिकट मांग था जहां से संजना शर्मा चुनाव की टिकट मांग रही थी। उसके बाद बरखा को जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष बनाया गया जिसका विरोध संजना ने किया था।
दरअसल 10 जनवरी को ही निगम का तोड़ू दस्ता संजना शर्मा के वार्ड में एक गैर कानूनी निर्माण गिरने गयी थी जिसके विरोध में संजना सामने आ गयी। उन्होंने कहा कि यदि अवैध निर्माण तोड़ना ही है तो पहले बरखा सिंह का घर तोड़ो। बाद में बरखा सिंह ने इस बात की शिकायत निगम सभापति जयंत ठेठवार से की। इसके बाद सभापति कक्ष में ही दोनों नेत्री भीड़ गई जिसके वीडियो वायरल हो गया था।
अब कुछ लोग इस पक्ष में हैं कि चुकी मामला व्यक्तिगत है तो इस मसले को पार्टी क्यों निपटाए ? दूसरी ओर पार्षद कह रहे हैं कि मामला पार्टी ही सुलझाए। ऐसे में यह संघर्ष बढ़ गया है। अब देखना है कि पार्टी इसपर क्या निर्णय लेती है।

