जशपुर मुनादी ।। जशपुर को छोड़कर राज्य भर के स्वामी स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय में प्राचार्य पद पर नियुक्त आदेश जारी हो गया है, सिर्फ भेजे गए प्रस्ताव को आधार मानकर जिला शिक्षा अधिकारी ने खुद ही अपने हस्ताक्षर से स्वामी आत्मानंद स्कूल हिंदी माध्यम जशपुर का प्राचार्य दूसरे स्कूल के एक व्याख्याता खान वकारुजामा खां को बना दिया और उसी आधार पर बैठक में शामिल होने रायपुर भेज दिया।
अभी हाल फिलहाल में शिक्षा विभाग ने इसी सम्बन्ध में आदेश जारी किया है कि जिस स्कुल में हिंदी माध्यम बनाया गया उसी स्कुल के शिक्षक शिक्षिकों को प्राथमिकता दी जाय उन शिक्षकों को स्थानांतरण न किया जाय एवं अन्य स्कूलों के शिक्षक शिक्षिकों को भी प्रतिनियुक्ति के नाम पर अनावश्यक सुविधा न दी जाय और इसका कड़ाई से पालन किया जाय इसके बाद भी जिला शिक्षा अधिकारी के द्वारा पालन नहीं किया गया और खुद ही शासकीय मॉडल स्कूल दौड़काचारा (गम्हरिया ) के 2018 के शिक्षा कर्मी से व्याख्याता एलबी बने खान वकारुजामा खां को प्राचार्य स्वामी आत्मानंद स्कूल हिंदी माध्यम जशपुर को बना दिया . वर्तमान में बने स्वामी आत्मानंद स्कूल हिंदी माध्यम जशपुर में पदस्थ शिक्षक शिक्षिको का कहना है कि किसी भी आधार पर दूसरे स्कुल के शिक्षक को प्राचार्य बनाया नहीं जा सकता क्योंकि इस स्कुल में नियमित व्याख्याता के होते हुए अन्य स्कूल से जूनियर को लाकर प्राचार्य बनाया जा रहा है जिससे इस स्कुल के शिक्षकों में रोष है वे इसका विरोध करते है और आवश्यकता पड़ने पर न्यायालय की शरण में जाने की भी बात कही जा रही है। उन्होंने कहा कि स्वामी आत्मानंद स्कुल मुख्यमंत्री जी की महत्वआकाक्षी योजना है इसी तरहः अगर निर्धारित मापदंडों को दरकिनार करके प्राचार्य बनाया जायेगा तो शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित होगी और किसी भी प्रकार का अनुशासन नहीं रहेगा तो इसके लिए शिक्षा विभाग पूरी तरह रिहर्सल किये बिना अयोग्य को जिम्मेदारी दे रहा है जो कि अनुचित है।
ज्ञात हो कि इस मामले में जशपुर कलेक्टर के माध्यम से संचालक , लोक शिक्षण संचालनालय को प्राचार्य पद का प्रस्ताव भेजा जा चूका है जिसमें पहले शासकीय बालक उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय जशपुर वर्तमान में (स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय जशपुर) में संजीव प्रसाद , व्याख्याता ( नियमित ) का नाम पत्र क्रमांक 132/शिक्षा स्थापना2 /segas 11 अप्रेल 2022 के द्वारा भेजा गया है जिस पर स्कुल शिक्षा विभाग में कोई निर्णय नहीं लिया है इस निर्णय के पूर्व ही जिला शिक्षा अधिकारी , जशपुर ने दुबारा दिनाँक : - 26 अप्रेल 22 को पत्र लिख कर दुबारा प्रस्ताव भेजा है कि शिक्षा सत्र 2022-23 से प्रारंभ होने वाले स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय में प्राचार्य पद पर प्रतिनियुक्ति प्रस्ताव पूर्व में संदर्भित पत्र क्रमांक के माध्यम से संजीव प्रसाद , व्याख्याता ( नियमित ) , शासकीय बालक उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय जशपुर ( वर्तमान में स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय जशपुर ) का नाम प्रस्ताव प्रेषित की गई है ।पत्र में डीईओ ने लिखा कि माननीय विधायक जशपुर , श्री विनय कुमार भगत जी के पत्र क्रमांक 1467 / MLA / JSP / दिनांक 20.04.2022 के द्वारा श्री खान वक्कारूज्जमां खां , व्याख्याता एल.बी. शासकीय आदर्श उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय जशपुर , जिला - जशपुर ( छ.ग. ) का नाम प्राचार्य पद पर प्रतिनियुक्ति हेतु प्रस्तुत किया गया है । अतः स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय जशपुर जिला - जशपुर ( छ.ग. ) में प्रतिनियुक्ति के तहत् प्राचार्य नियुक्त करने की आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रस्ताव सम्प्रेषित किया है।
हाल ही में हाईकोर्ट ने एक जिले के मामले में स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय में प्रतिनियुक्ति प्रस्ताव में उसी स्कुल के शिक्षिको को प्राथमिकता देने का आदेश जारी किया है इस आदेश के पूर्व ही जशपुर जिला शिक्षा अधिकारी के द्वारा उसी स्कुल के व्याख्याता नियमित संजीव प्रसाद का नाम भेजा था परंतु बाद में विधायक जशपुर के द्वारा प्रस्तावित अन्य स्कुल के व्याख्याता एलबी का नाम आने के बाद मामला उलझ गया है।
इस मामले जब जिला शिक्षा अधिकारी से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अभी तक किसी की नियुक्ति नहीं हुई है।दो लोगो का प्रस्ताव भेजा गया है । एक प्रस्तावित प्राचार्य को इसलिए मीटिंग में भेजा गया क्योंकि मीटिंग में किसी एक को ही भेजा जा सकता था।2 लोगों को मीटिंग में शामिल होने का परमिशन नहीं था। उच्चाधिकारियों की सहमति के बाद मीटिंग के लिए बकरुजामा खान(एलबी)को मीटिंग में भेज दिया गया। उन्होंने आगे कहा कि पहले उसी स्कूल के सीनियर व्याख्याता संजीव प्रसाद का प्रस्ताव भेजा गया था बाद में जशपुर विधायक विनय भगत के कहने पर उन्होंने बकारुजामा खान का प्रस्ताव भी बनाकर शासन को भेज दिया ।अभी तक दोनो प्रस्ताव विचाराधीन है।किसी की नियुक्ति नहीं हुई है।
इस सम्बंध में जब हमने विधायक विनय भगत से सम्पर्क करना चाहा तो उनसे संपर्क नहीं हो पाया लेकिन विधायक विनय भगत का इस मामले में नाम सामने आने पर कांग्रेस के जशपुर ब्लॉक अध्यक्ष सूरज चौरसिया ने कहा -मुझे इस बारे में ज्यादा जानकारी नहीं है लेकिन इतना पता है कि प्राचार्य के लिए केवल एक व्यक्ति का प्रस्ताव भेजा गया था जबकि होना ये था कि अन्य लोगो के लिए भी आवेदन आमंत्रित कराया जाना था ।प्राचार्य का चयन निर्धारित मापदंडों के आधार पर ही होगा लेकिन आवेदन आमंत्रित किया जाना चाहिए।

