जशपुर मुनादी ।। जशपुर की राजनीति में इन दिनों कांग्रेस के एक युवा नेता का सेंसेक्स काफी उछाल पर है। सोशल मीडिया में किसी न किसी बात को लेकर या मैं और राहुल गाँधी का हैज टैग चलाने के कारण इन नेता की चर्चा न हो ऐसा कभी नही होता।सरकारी महकमे से लेकर राजनीति के जमीनी गलियारे तक इनकी चर्चा होती ही रहती है । प्रदेश के कुछ नामचीन आईएएस और आईएएस लॉबी में पैठ के चलते प्रशासनिक महकमे में इनकी पूछ परख तो है ही साथ ही रात राजधानी के बड़े और पहुँच वाले नेताओं से डायरेक्ट पकड़ होने के चलते राजनीति में भी अच्छी पैठ बन गयी है।
इनके बारे में और भी कुछ बताएंगे इससे पहले ये बता दें कि इन दिनों इनकी चर्चा इतनी क्यों हो रही है?मंगलवार को कलेक्टोरेट में क्या कुछ हुआ इससे भला हर कोई वाकिफ हो गया है। कलेक्टोरेट में हर मंगलवार को लगाए जाने वाले जनदर्शन में विलंब होने की बात को लेकर नीलेश सिंह और अतिरिक्त कलेक्टर के बीच हुई हॉट टॉक का वीडियो कईयों ने देख लिया होगा और कई आज भी इस वीडियो को देख रहे है । चर्चा का विषय यह भी है कि कांग्रेस सरकार में पहली दफा जिले में किसी कांग्रेसी नेता के द्वारा जनहित के मुद्दे पर मुखर होकर प्रशासन का विरोध किया ।कलेक्टोरेट के भीतर आम जनता के साथ धरने पर बैठ जाना भी एक सत्ता पक्ष के नेता के लिए अदम्य साहस दिखाने जैसा है और नीलेश सिंह ने अदम्य साहस का परिचय दिया।हांलाकि इस वीडियो के वायरल होने के बाद अंदर अंदर सरकार की भी फजीहत हुई लेकिन इस घटना का संदेश जो भी गया हो पर इससे जनमानस के बीच एक अच्छा सन्देश गया ।ब्यूरोक्रेट के खिलाफ़ सत्ता की ओर से आवाज उठने को जनमानस पसन्द करती है यह सर्वविदित है ।
इससे पहले नीलेश सिंह उस वक़्त चर्चा में आये थे जब इन्होंने जशपुर जिला अस्पताल में हुए 12 करोड़ के घोटाले में संलिप्त अस्पताल के अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ़ सख्त कार्रवाई न होने के विरोध में भरी बरसात में अकेले धरने पर बैठने का एलान कर दिया था ।कांग्रेस नेता के इस एलान के बाद पूरे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया और इस धरने को रोकने पूरा अमला लग गया ।आखिरकार प्रशासन इन्हें मनाने में सफल हो गया और सख्त कार्रवाई के आश्वासन के बाद धरना टाल दिया गया । हालांकि इसके बाद कांग्रेस पार्टी के भीतर ही इनकी फजीहत शुरू हो गई ।कहा जाता है कि इनपर कांग्रेस के प्राथमिक सदस्य होने तक पर सवाल उठाकर इनकी शिकायत भी उपर तक हुई लेकिन कांग्रेस के शीर्ष नेताओं से अच्छी पहचान और पकड़ के चलते इनका कुछ नहीं हुआ।

फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर इनकी पहचान ' मैं और राहुल गांधी 'के हैज टैग से है।यहाँ कुछ भी लिखने के आखिरी में मैं और राहुल गांधी लिखना इनके लिए जरूरी होता है और मैं और राहुल गांधी अब इनकी पहचान बन चुकी है ।
बहरहाल, मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई करके पोलटिक्स करने वाले कांग्रेस नेता नीलेश सिंह पोलटिकल इंजीनियरिंग में कितना आगे बढ़ पाते हैं यह तो आने वाला वक़्त बताएगा ।

