जशपुर मुनादी//
प्रधानमंत्री के आह्वान पर 5 अप्रैल को राष्ट्रीय एकता और कोरोना संक्रमण से लड़ने के लिए एकजुटता का संदेश देने रात 9 बजे 9 मिनट तक दीया जलाने दिए गए देशव्यापी संदेश का असर जशपुर में भी देखने को मिला ।
शहरी क्षेत्रों के अलावे ग्रामीण क्षेत्रो में भी रात के 9 बजते ही सभी ने अपने अपने घरों के लाईट बुझा दिए और संसाधनों के मुताबिक किसी ने दीया जलाया ,किसी ने कैंडल तो किसी ने मोबाईल के फ़्लैश लाईट तो टॉर्च भी जलाए।
सक्षमता के हिसाब से किन्ही ने घी के दीये जलाए तो जिंनके पास घी नही था उन्होंने सामान्य तेल से भी दीया जलाकर अपने गाँव ,घर ,गली ,मुहल्लों को रोशन कर दिया।
9 बजते ही पूरे जिले की तस्वीर दीवाली की शक़्ल में बदल गई, बुजुर्ग ,महिलाएं,नौजवान और यहां तक कि बच्चों ने भी 5 अप्रैल को दीप पर्व में हिस्सा लेकर घातक कोरोना वायरस के विरुद्ध राष्ट्रीय एकता का शानदार परिचय दिया।

खाश बात ये भी देखने को मिला कि दीया जलाकर रोशनी फैलाने के क्रम में कहीं कहीं मंत्रोच्चार तो कहीं मां भारती के यशगान में गीत भी गाये गए तो कई ऐसे भी थे जिन्होंने 22 मार्च की तरह अपने अपने घरों में थालियां भी बजायी ।
हांलाकि सोशल मीडिया में राजनीतिक दलों से जुड़े कुछ लोग दीया जलाने का विरोध भी करते रहे
लेकिन दीया पर्व को लेकर जनमानस की उत्सुकता के आगे मुट्ठी भर लोगों का विरोध कम से कम जशपुर में देखने को नही मिला।


