प्रतापपुर मुनादी ।।
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सरहरी में सहायक ग्रेड 2 के पद पर कार्यरत बोधन राम एक्का को कोरोना को लेकर अफवाह फैलाना उस वक्त महंगा पड़ गया जब जिला शिक्षा अधिकारी सूरजपुर ने उन्हें निलंबित कर दिया।बताया जा रहा है कि उन्होंने यह अफवाह काम न करना पड़े,इसलिए फैलाई थी और उनके इस कृत्य के बाद बीईओ के साथ स्वास्थ्य विभाग ने मामले की जांच की थी।
मिली जानकारी के अनुसार बोधनराम एक्का प्रतापपुर विकासखण्ड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला में सहायक ग्रेड दो के पद पर पदस्थ है,कुछ दिन पहले शिक्षकों ने उन्हें पेडाटा बनाने स्कूल में बुलाया था।लेकिन वे जैसे ही स्कूल आये,काम करने की बजाए उसने शिक्षकों से कहा कि उसके घर में केरल से मेहमान हैं जिन्हें सर्दी बुखार है और उसे भी हो गया है,बातों बातों में उसने कोरोना होने की बात कह दी।उसकी बातें सुन वहां मौजूद शिक्षकों में डर बैठ गया और सभी वहां से भाग खड़े हुए।इसके बाद वहां की प्रिंसिपल निशा तिवारी और शिक्षकों ने मामले की जानकारी बीईओ जनार्दन सिंह को दी व शिकायत भी की,शिक्षकों से जानकारी मिलने के बाद बीईओ ने जिला शिक्षा अधिकारी को इसकी जानकारी दी,उनके निर्देश पर बीईओ ने बीएमओ डॉ. राजेश श्रेष्ठ को जानकारी देते हुए जांच की बात कही।स्वास्थ्य टीम ने उक्त क्लर्क के घर जाकर जांच की तो ऐसी कोई बात नहीं मिली, बीईओ ने भी अपनी जांच में उक्त क्लर्क व अन्य शिक्षकों का बयान लिया जिसमें यह बात सामने आई कि बोधनराम ने काम न करने के डर से झूठी अफवाह फैलाई थी।पूरी जांच के बाद बीईओ ने प्रतिवेदन जिला शिक्षा अधिकारी को भेज दिया था,जहां से कोरोना को लेकर अफवाह फैलाने का दोषी पाते क्लर्क बोधनराम को निलंबित कर दिया गया है।

