जशपुर मुनादी।। जशपुर में हेल्थ सिस्टम काफी जानलेवा बन गया है । यहां दुर्घटना में घायल एक प्रसार साढ़े 3 घंटे तक एंबुलेंस का इंतजार करता रहा ।इन साढ़े 3 घंटो में जब घायलों की स्थिति बद से बदतर होने लगी तब जाकर उन्हें साढ़े 10 बजे रात को किसी तरह एंबुलेंस की व्यवस्था करके दुसरे अस्पतालों में रेफर किया गया । इससे भी बड़ी खबर यह है कि एंबुलेंस (इमरजेंसी 108)के ड्राईवर ने मरीजों को ले जाने से यह बोलकर इनकार कर दिया कि वह किसी सेठ की नौकरी कर लेगा लेकिन एंबुलेंस चालक की नौकरी नहीं करेगा ।
कांग्रेस पार्टी के युवा नेता और कुछ लोग एंबुलेंस फ्रायवार से हाथ जोड़कर विनती करते रहे लेकिन उसने ड्यूटी करने से मना कर दिया ।वह यह बता रहा है कि वह अकेले है जबकी कूल 6 लोगों की यहां ड्यूटी है लेकिन उनके ना होने के चलते वह अकेला ही ड्यूटी करने को मजबूर है इसलिए वह नौकरी छोड़ रहा है। इसका वीडियो भी मुनादी डॉट कॉम के पास है।
सड़क दुर्घटना में घायल परिवारों डाक्टरों और अधिकारियों से लगातार संपर्क में रहने वाले युवक कांग्रेस कुनकुरी विधान सभा अध्यक्ष रूफी खान ने इस पूरे मामले की जानकारी स्वास्थ मंत्री टी एस सिंहदेव को दी । टी एस सिंहदेव ने मुनादी डॉट कॉम से बात चीत के दौरान बताया कि रूफी खान के द्वारा जब मुझे मामले की जानकारी दी गई । मामले की जानकारी ली गई है।कूल 10 घायल है।6 अलग परिवार से हैं और 4 अलग परिवार से हैं ।सभी घायलों को 6 एंबुलेंस में अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज के लिए थोड़ी देर पहले रेफर किया गया है ।अंबिकापुर में मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर्स की टीम को अलर्ट कर दिया गया है ।उनके पहुंचते ही इलाज शुरू हो जाएगा । अभी तक किसी के मौत की पुष्टि नहीं हो पाई है।
इस पूरे मामले में मुनादी डॉट कॉम ने कलेक्टर रवि मित्तल से भी बात की उन्होंने इस मामले को तत्काल संज्ञान में लिया हैं।उन्होंने बताया कि डाक्टरों से बात चीत कर मामले की जानकारी ली जा रही है । बात होने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पूरा मामला दुलदुला का है।रविवार की शान तकरीबन सवा 6 बजे दुलदुला थाना क्षेत्र के रायतोली एनएच 43 के पास एक स्कॉर्पियो अनकंट्रोल होकर पलटी खा गई थी। स्कॉर्पियो में 9 लोग सवार थे । इस दुर्घटना में चोटें सभी को आई है लेकिन एक पुरुष,एक महिला और 1 बच्ची इस दुर्घटना में काफी सीरियस हो गए है।सभी घायलों को दुलदुला सरकारी अस्पताल ले जाया गया ।
बताया जा रहा है कि दुर्घटना में घायल 10 घायलों का अस्पताल में उपचार किया गया जा रहा है लेकिन एक छोटी बच्ची सहित 4 लोग काफी सीरियस है। बच्ची की हालत बहुत ज्यादा दयनीय बताई जा रही है।उन्हे अंबिकापुर रेफर किया जा रहा है लेकिन इन्हे रेफर करने के लिए अस्पताल में एक भी एंबुलेंस उपलब्ध नहीं है । 3 घंटे से घायलों का परिवार एंबुलेंस का इंतजार कर रहा है।
अस्पताल में तैनात डॉक्टर बिपिन इंदवार ने बताया कि 4 लोगो की हालत ज्यादा क्रिटिकल है।जिनमे मां बेटी की स्थिति चिंताजनक है । लह्भभग सवा 10 बजे सभी घायलों को रेफर किया गया है। उन्होंने बताया कि 108 पर उनका कंट्रोल नहीं रहता । एंबुलेंस कुनकुरी से आना था ।यहां एंबुलेंस उपलब्ध नहीं था जिसके चलते दिक्कत हुई । गंभीर रूप से घायल 4 मरीजों में से 3 अंबिकापुर के और एक डाल्टनगंज के है।
एक तरफ दुलदुला के डॉक्टर के द्वारा यह बताया गया कि कुनकुरी से 108 बुलवाया जा रहा है दूसरी ओर कुनकुरी अस्पताल से एक वीडियो आया जिसने युथ कांग्रेस के विधानसभा अध्यक्ष रूफी खान 108 के द्रायवर से दुलदुला पहुंचने की विनती कर रहे हैं तो वही 108 का ड्राइवर अकेले होने की मजबूरी बताकर ड्यूटी करने से इंकार कर रहा है।आखिरी में ड्राइवर यह कहता है कि वह सेठ की नौकरी कर लेगा लेकिन 108 की ड्राइवरी नहीं करेगा ।
युवक कांग्रेस विधान सभा कुनकुरी के अध्यक्ष रूफी खान ने बताया कि वह घायलों के साथ के लोगों से लगातार संपर्क में हैं। घायलों की स्थिति बिगड़ती जा रही है।शुरू में तो अस्पताल में डॉक्टर तक उपलब्ध नहीं थे। दुलदुला तहसीलदार सुनील अग्रवाल से फोन पर संपर्क करने पर पता चला कि डॉक्टर और स्टाफ को लाईन अप किया गया है । लेकिन दुर्भाग्य जनक बात यह है कि 3 घंटे से लोग एंबुलेंस के लिए संघर्ष कर रहे हैं । दुलदुला में इमरजेंसी 108 उपलब्ध नहीं है ऐसी स्थिति में कुनकुरी से 108 बुलाने की बात मुझे बताई गई लेकिन जब कुनकुरी अस्पताल में संपर्क किया गया तो पता चला कि यहां 108 तो है लेकिन ड्राइवर उपलब्ध नहीं है । इधर लोग एंबुलेंस का इंतजार कर रहे हैं उधर 3 घायलों की हालत बिगड़ती जा रही है। मुझे यह भी बताया गया कि गंभीर रूप से घायल एक बच्ची की मौत भी हो गई है । स्वास्थ विभाग का सिस्टम यहां चौपट है ।एंबुलेंस के अभाव में घायलों का दम निकला का रहा है इससे ज्यादा दुर्भग्यजंक स्थित क्या हो सकती है।उन्होंने कहा कि इस दुर्दशा की पूरी जानकारी वह तत्काल स्वास्थ मंत्री टी एस सिंहदेव को दे दी गई हैं।उन्होंने तत्काल एक्शन लेते हुए कुनकुरी बीएमओ से बात की है ।
हांलाकि बच्ची की मौत होने की पुष्टि न तो डाक्टर कर रहे ना ही तहसीलदार सुनील अग्रवाल । तहसीलदार सुनील अग्रवाल और प्रभारी बीएमओ बिपिन इंद्वार ने बताया कि बच्ची की हालत क्रिटिकल जरूर है लेकिन मृत होने जैसी कोई बात नहीं है ।तहसीलदार सुनील अग्रवाल ने बताया कि एंबुलेंस की व्यवस्था की जा रही है ।घायलों की अंबिकापुर रेफर किया जा रहा है।
यह गौरतलब है कि विगत वर्ष 2021 में एंबुलेंस की वजह से ही 2 दिनो में 3 लोगों की जान चली गई थी ।इस घटना के बाद क्षेत्रीय विधायक यू डी मिंज के द्वारा ट्रामा वेन की व्यवस्था उनके खुद के फंड से की गई थी ।