रायगढ़ मुनादी ।।ग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी पुसौर जनपद के ग्राम टिनमिनी की होनहार बेटी नम्रता गुप्ता ने संगीत के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय, खैरागढ़ में आयोजित 17वें दीक्षांत समारोह में सत्र 2023–24 के दौरान एम.पी.ए. (गायन) में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने पर नम्रता को राज्यपाल महामहिम रामेन डेका के हाथों पांच स्वर्ण पदकों से सम्मानित किया गया। इस उपलब्धि से न केवल उनके गांव बल्कि पूरे पुसौर अंचल और रायगढ़ जिले में हर्ष का माहौल है।
बचपन से संगीत से रहा गहरा जुड़ाव
नम्रता के पिता सदानंद गुप्ता एवं माता ज्योत्स्ना गुप्ता कृषक परिवार से हैं। नम्रता ने प्रारंभिक शिक्षा गांव में प्राप्त की, जबकि हाईस्कूल एवं हायर सेकेंडरी की पढ़ाई अभिनव विद्या मंदिर, पुसौर से की।
पिता स्वयं संगीत गायन-वादन से जुड़े रहे, जिससे बचपन से ही नम्रता की रुचि संगीत की ओर विकसित हुई। पिता ही उनके प्रथम गुरु बने और घर पर ही संगीत की मजबूत नींव रखी। इसके बाद पुसौर के संजीव कसेर का निरंतर मार्गदर्शन मिला, जिनके प्रयासों से नम्रता को इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय, खैरागढ़ में प्रवेश मिला। आगे चलकर ग्राम कोतासुरा निवासी डमरूधर मालाकार से सुर, लय और ताल की गहराई को समझने का अवसर मिला, जो उनकी सफलता की एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित हुआ।
मेधावी छात्रा से सफल शिक्षिका तक का सफर
नम्रता प्रारंभ से ही मेधावी छात्रा रही हैं। उन्होंने संगीत में नीट परीक्षा उत्तीर्ण की और ग़ज़ल गायकी के क्षेत्र में राष्ट्रीय छात्रवृत्ति (नेशनल स्कॉलरशिप) भी प्राप्त की, जिसे हासिल करना अत्यंत कठिन माना जाता है।
वर्तमान में नम्रता दुधाधारी बजरंग महिला विद्यालय में संगीत विषय की असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं और विद्यार्थियों को कला के माध्यम से नई दिशा प्रदान कर रही हैं।
परिवार और अंचल में खुशी की लहर
पांच स्वर्ण पदक मिलने पर नम्रता के माता-पिता ने कहा कि वर्षों की साधना और तपस्या आज सफल हुई है, और यह सम्मान उन्हें आशीर्वाद स्वरूप प्राप्त हुआ है। नम्रता की इस उपलब्धि से ग्राम टिनमिनी सहित पूरे पुसौर अंचल में खुशी और गर्व का माहौल है।