सरगुजा मुनादी।। प्रदेश के कद्दावर (खाद्य)मंत्री अमरजीत भगत इन दिनों अपने ही क्षेत्र की जनता के निशाने पर हैं । लुण्ड्रा ब्लॉक के चिरांग गांव में प्रस्तावित मां कुदरगढ़ी अल्यमुनियम प्लांट को लेकर ग्रामीणों का चल रहे भारी विरोध के क्रम में 2 दिन पहले खाद्य मंत्री अमरजीत भगत को ग्रामीणों ने काफी देर तक घेरे रखा और ग्रामीणों के भीड़ के बीच उन्हें बमुश्किल बाहर निकाला गया वहीं अब ग्रामीण इनको लेकर अब गांव में लगातार बैठके करके इनको सियासी तौर पर घेरने की तैयारी में भी जुट गए हैं ।
सोशल मीडिया पर चिरांग गांव के ग्रामीणों की हो रही एक बैठक का वीडियो खूब वायरल हो रहा है ।बैठक हंलाकि प्रस्तावित फैक्ट्री को लेकर था लेकिन फैक्ट्री को लेकर मंत्री अमरजीत की भूमिका पर भी बैठक में सवाल उठाए गए ।
वायरल वीडियो में एक टोंगरी नूमा जगह में ग्रामीणों की बैठक चल रही है और बैठक को संबोधित करते हुए एक ग्रामीण ग्रामीणों को यह बता रहा है कि खाद्य मंत्री अमरजीत की अगर इच्छा होती कि ग्रामीणों की मंशा के अनुरूप यहां प्लांट नहीं लगाया जाय तो किसी कीमत पर यहां प्लांट लगाने जैसी कोई बात नहीं होती लेकिन वह चाहते ही नहीं कि ग्रामीणों की मंशा के अनुरूप कार्य हो ।ग्रामीणों का साफ कहना है कि सरकार प्रस्तावित फैक्ट्री की योजना को एक मिनट में रद्द कर सकती है लेकिन ऐसा तब हो सकता है जब उनके क्षेत्रीय विधायक और सरकार में मंत्री अमरजीत भगत सरकार के सामने ये बात रखते लेकिन ग्रामीणों के लगातार विरोध के बावजूद मंत्री ने कभी सरकार के सामने ग्रामीणों की पैरवी नही की नतीजतन आज भी ग्रामीणों को अपने जल जंगल और जमीन की लड़ाई उद्योगपतियों से लड़नी पड़ रही है ।ग्रामीणों की बैठक में यहां तक हुआ कि ग्रामीणों ने इन्हे मंत्री मानने तक से इंकार कर दिया।
आपको बता दें कि चिरांग में प्रस्तावित अल्मयुनियम फैक्ट्री को लेकर ग्रामीण तकरीबन डेढ़ साल से लगातार विरोध कर रहे हैं ।इस विरोध के क्रम में यहां कई बार मार पीट और सिर फुटौवल की भी नौबत आई ।कई बार यहां लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति भी निर्मित हो चुकी है । ग्रामीण फैक्ट्री के प्रस्ताव को सिरे से खारिज करवाना चाहते हैं ।
यह बताना जरूरी है कि बीते वर्ष इस प्रस्तावित फैक्ट्री को लेकर प्रदेश के पूर्व आजाक मंत्री गणेश राम भगत की अगुवाई में ग्रामीणों की एक बड़ी रैली भी निकाली गई थी ।ग्रामीणों के द्वारा जारी विरोध की पूर्व मंत्री अगुवाई कर रहे थे ।
यह बताना जरूरी है कि चिरांग मंत्री अमरजीत भगत का चुनाव क्षेत्र सीतापुर का हिस्सा है और इसी सीतापुर से 2008 में पूर्व मंत्री गणेशराम भगत भी चुनाव लड़ चुके हैं । हांलाकि गणेश राम भगत अमरजीत भगत से चुनाव हार गए थे ।अमरजीत भगत इस क्षेत्र से लगातार चौथी बार चुनाव जीते हैं इस बार प्रदेश में कांग्रेस की सरकार आने के बाद उन्हें सरकार में मंत्री बनाया गया है ।
बहरहाल ग्रामीणों द्वारा फेक्ट्री के विरोध में काफी लम्बे से चलाए जा रहे आंदोलन में पहली बार ग्रामीणों को अपने ही क्षेत्र के विधायक पर गुस्सा और भड़ास निकालते देखा जा रहा है ।