जशपुर मुनादी।
आज जशपुर जैसे आदिवासी जिले के बगीचा ब्लॉक मुख्यालय के समीप ही सवेरे सवेरे सरकार के कुपोषण ख़त्म करने के सारे दावे फेल होते नजर आये हैं! और मुनादी के कैमरे में सारी की कारगुजारी कैद हो गई।
दरअसल बगीचा के आईसीडीएस मुख्यालय से महज 2 किलोमीटर दूर बगीचा के मुख्य मार्ग में स्थित झाँपीदरहा आँगन बाड़ी केंद्र के पीछे लोगों को मुख्यमंत्री अमृत दूध योजना के भरे हुए कई पैकेट केंद्र के पीछे फेंके हुए मिले हैं। जाहिर है बच्चों के पोषण वाला यह अमृत दूध बांटा ही नहीं गया और उसे केंद्र के पीछे ही फेंक दिया गया।
कुपोषण दूर करने के मकसद से शुरू इस योजना का क्या हाल है, इन आदिवासी क्षेत्रों में इस योजना के इस हाल से बेहतर समझा सकता है। जब विभाग के ब्लॉक मुख्यालय के समीप के केंद्र में योजना का यह हाल है, तो दूरस्थ आदिवासी क्षेत्रों में यह योजना किस स्तर पर संचालित होती होगी यह सवाल तो ऐसी घटनाओं से उठेगा ही!

