नारी शक्ति के सम्मान पर चोट बर्दाश्त नहीं,विधानसभा में लाएंगे निंदा प्रस्ताव : मुख्यमंत्री

munaadi news image
April 21, 2026



नारी शक्ति के सम्मान पर चोट बर्दाश्त नहीं,विधानसभा में लाएंगे निंदा प्रस्ताव : मुख्यमंत्री

munaadi news image
munaadi news image

रायपुर मुनादी।। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज रायपुर में आयोजित जन आक्रोश रैली को संबोधित किया। उन्होंने नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक को पारित नहीं होने देने पर कांग्रेस एवं INDI गठबंधन पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि यह देश की 70 करोड़ माताओं-बहनों के अधिकार, सम्मान और भविष्य के साथ किया गया खुला विश्वासघात है। उन्होंने कहा कि इस गंभीर विषय को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ सरकार विधानसभा का एकदिवसीय विशेष सत्र आयोजित कर निंदा प्रस्ताव लाएगी, ताकि इस अन्याय के खिलाफ प्रदेश की आवाज़ लोकतांत्रिक तरीके से बुलंद की जा सके।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जब से आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने वर्ष 2014 में देश का नेतृत्व संभाला है, तब से नारी सशक्तिकरण को नई दिशा और नई ऊर्जा मिली है। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान से लेकर सुकन्या समृद्धि योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के माध्यम से धुएं से मुक्ति दिलाने का कार्य, जन-धन योजना के जरिए आर्थिक समावेशन, तथा करोड़ों शौचालयों का निर्माण - इन सभी प्रयासों ने मातृशक्ति को सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता प्रदान की है। उन्होंने कहा कि आज देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मातृशक्ति का विराजमान होना भी इसी परिवर्तन का प्रतीक है।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम के माध्यम से लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत प्रतिनिधित्व देने का ऐतिहासिक संकल्प प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने लिया और इसके लिए 16, 17 एवं 18 अप्रैल को विशेष संसद सत्र बुलाया गया, जो इस विषय के प्रति सरकार की गंभीरता और प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक राजनीतिक पहल नहीं, बल्कि देश की आधी आबादी को निर्णय प्रक्रिया में सहभागी बनाने की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम था।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण रूप से कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और तृणमूल कांग्रेस सहित INDI गठबंधन के दलों ने अपने राजनीतिक स्वार्थ के चलते इस ऐतिहासिक अवसर को विफल कर दिया। यह कदम देश की करोड़ों माताओं-बहनों की आशाओं और आकांक्षाओं को ठेस पहुंचाने वाला है और देश की नारीशक्ति इसे कभी माफ नहीं करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस स्थिति को लेकर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने देश की मातृशक्ति से क्षमा भी मांगी है और उन्हें आश्वस्त किया है कि महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने का संघर्ष लगातार जारी रहेगा, जब तक उन्हें उनका हक नहीं मिल जाता।


मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस मुद्दे पर छत्तीसगढ़ में भी व्यापक जनआक्रोश देखने को मिला है। प्रदेशभर से हजारों की संख्या में माताएं-बहनें रायपुर में आयोजित जन आक्रोश महिला पदयात्रा में शामिल हुईं और अपने अधिकारों के समर्थन में एकजुट होकर आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा कि स्थानीय पर्व-त्योहारों के बावजूद महिलाओं का इस प्रकार बड़ी संख्या में सड़कों पर उतरना यह दर्शाता है कि नारी शक्ति अब अपने अधिकारों के प्रति पूरी तरह जागरूक, सजग और संगठित हो चुकी है।


उन्होंने कहा कि जल्द ही एक दिवसीय विधानसभा सत्र बुलाकर नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पारित नहीं होने देने के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाया जाएगा और उसे पारित कर विपक्ष के इस रवैये के खिलाफ एक सशक्त और स्पष्ट संदेश दिया जाएगा।


मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देश की जनता का विश्वास भारतीय जनता पार्टी, एनडीए और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व पर लगातार मजबूत हुआ है। “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मूल मंत्र के साथ 140 करोड़ देशवासियों की सेवा की जा रही है और इसका सकारात्मक प्रभाव आने वाले चुनावों में भी स्पष्ट रूप से दिखाई देगा। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति के सम्मान और अधिकारों की यह लड़ाई रुकने वाली नहीं है, यह देश की आधी आबादी के आत्मसम्मान से जुड़ा विषय है और छत्तीसगढ़ सरकार इस संघर्ष में पूरी मजबूती के साथ मातृशक्ति के साथ खड़ी है।


munaadi news image
munaadi news image
munaadi news image
munaadi news image
munaadi news image
munaadi news image

Related Post

Advertisement

Samvad Advertisement
× Popup Image


Trending News